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| Baba Khatu Shyam |
परिचय (Introduction)
राजस्थान के सीकर जिले में स्थित खाटू श्याम जी का मंदिर भक्तों के लिए आस्था का सबसे बड़ा केंद्र है। माना जाता है कि खाटू श्याम जी कलयुग के भगवान हैं, जिन्हे हारे का सहारा भी कहते है, जो सच्चे मन से की गई प्रार्थना को अवश्य स्वीकार करते हैं। हर साल लाखों श्रद्धालु यहां दर्शन के लिए आते हैं और अपनी मनोकामनाएं पूरी होने की कामना करते हैं।
कौन है बाबा खाटू श्याम (Who is Baba Khatu Shyam)
महाभारत काल में भीम के पोत्र ओर घटोत्कच के पुत्र बर्बरीक एक महान और पराक्रमी योद्धा थे वीर बर्बरीक, बर्बरीक बचपन से ही अत्यंत बलशाली और वीर थे। उन्होंने भगवान शिव की कठोर तपस्या करके तीन अमोघ बाण (तीर) प्राप्त किए थे लेकिन कुछ मान्यताओ के अनुसार यह तीन बाण उन्हे माँ कामाख्या जी आराधना करके प्राप्त हुए थे जिनकी शक्ति से वे अकेले ही पूरे युद्ध का परिणाम बदल सकते थे।
जब महाभारत का युद्ध शुरू होने वाला था, तब बर्बरीक ने अपनी माता (अहिलावती) जी को यह वचन दिया की युद्ध मे जो भी पक्ष हारेगा मे उसी का साथ दूंगा, ( इस वचन के कारण उन्हे हारे का सहारा भी कहा जाता है ) बर्बरीक जी इस वचन को सुनकर भगवान श्री कृष्ण चिंतित हो गए, क्योंकि यदि बर्बरीक युद्ध में उतरते, तो वे बार-बार हारने वाले पक्ष का साथ देकर युद्ध को अंतहीन बना देते। ओर धर्म के संस्थापन के लिए कोरवों की हार ओर पांडवों की जीत जरूरी थी जिस कारण बर्बरीक जी का वचन इसमे बाधा बन सकता था
तब भगवान श्री कृष्ण ने ब्राह्मण का वेश धारण करके बर्बरीक की परीक्षा ली। उन्होंने बर्बरीक से उनके बाणों की शक्ति के बारे में पूछा। बर्बरीक ने एक पीपल के पेड़ की सभी पत्तियों को एक ही बाण से भेदकर अपनी शक्ति का प्रदर्शन किया।
इसके बाद भगवान कृष्ण ने बर्बरीक से दान में उनका शीश (सिर) मांग लिया। बर्बरीक जी समझ गए ये कोई साधारण ब्राह्मण नहीं है ओर उन्होंने बिना किसी हिचकिचाहट के अपना शीश दान कर दिया। उनकी इस महान भक्ति और त्याग से प्रसन्न होकर भगवान कृष्ण ने उन्हें आशीर्वाद दिया कि वे कलयुग में तुम मेरे "श्याम" नाम से पूजे जाओगे और जो भी भक्त हारकर उनके दर पे आएगा उनकी दर्शन मात्र से भक्तों की सभी मनोकामनाएं पूर्ण होंगी।
बर्बरीक का शीश युद्धभूमि में एक ऊँचे स्थान पर रखा गया, जहाँ से उन्होंने पूरे महाभारत युद्ध को देखा। उसी शीश को आज खाटू (राजस्थान) में स्थापित किया गया, जो आज खाटू श्याम जी मंदिर के रूप में प्रसिद्ध है।
कैसे पहुचे खाटू श्याम मंदिर (How to Reach Khatu Shyam Temple)
खाटू श्याम जी मंदिर राजस्थान के सीकर जिले के खाटू गांव में स्थित है।
यह जयपुर से लगभग 80 किलोमीटर दूर है और यहां सड़क मार्ग से आसानी से पहुंचा जा सकता है।
रेल मार्ग:
सबसे नजदीकी रेलवे स्टेशन रिंगस जंक्शन 18 KM है, ओर जयपुर रेलवे स्टेशन से लगभग 80 KM है।
सड़क मार्ग:
जयपुर, दिल्ली और अन्य शहरों से बस और टैक्सी आसानी से मिल जाती है।
हवाई मार्ग:
नजदीकी एयरपोर्ट: जयपुर इंटरनेशनल एयरपोर्ट वहाँ से लगभग 80 किमी की दूरी
रेल मार्ग:
सबसे नजदीकी रेलवे स्टेशन रिंगस जंक्शन 18 KM है, ओर जयपुर रेलवे स्टेशन से लगभग 80 KM है।
मंदिर खुलने का समय (Temple Opening Hours)
सुबह: 5:30 AM से शाम 10:00 PM
रहने खाने की व्यवस्था (Accommodation & Food Arrangements)
खाटू में श्रद्धालुओं के वैसे तो एक दिन मे ही दर्शन करके चले जाते है ओर अगर आपको यह कमरा लेना है तो यह 300 से 500 मे धर्मशाला ओर 500 से 1000 मे होटल रूम मिल जाएगा
मंदिर के आसपास शुद्ध शाकाहारी भोजन 100 से 150 रुपये मे आसानी से मिल जाता है
यात्रा के जरूरी टिप्स (Essential Travel Tips)
सबसे पहले, कोशिश करें कि आप सुबह जल्दी दर्शन करने पहुंचें।इससे आपको लंबी लाइन और भीड़ से काफी हद तक बचने में मदद मिलेगी और आप आराम से दर्शन कर पाएंगे।
यात्रा के दौरान अपने सामान का विशेष ध्यान रखें, क्योंकि भीड़भाड़ वाली जगहों पर सामान खोने का खतरा बना रहता है।
अगर आप त्योहारों या मेलों के समय जा रहे हैं, तो पहले से होटल या धर्मशाला की बुकिंग कर लेना बेहतर रहेगा, क्योंकि उस समय बहुत ज्यादा भीड़ होती है और रहने की व्यवस्था मिलना मुश्किल हो सकता है।
इसके अलावा, कोशिश करें कि आप शनिवार, रविवार, एकादशी और अन्य छुट्टियों के दिन यात्रा करने से बचें, क्योंकि इन दिनों खाटू श्याम जी मंदिर में बहुत ज्यादा भीड़ होती है, जिससे दर्शन करने में काफी समय लग सकता है।
प्रमुख उत्सव
फाल्गुन मेला (सबसे बड़ा मेला)
एकादशी और द्वादशी विशेष पूजा
जन्मोत्सव
क्यों प्रसिद्ध है खाटू श्याम जी
मनोकामनाएं पूरी करने वाले भगवान
चमत्कारी मंदिर
लाखों भक्तों की आस्था का केंद्र
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FAQ (अक्सर पूछे जाने वाले सवाल)
Q1. खाटू श्याम जी कौन हैं?
A. खाटू श्याम जी महाभारत के भीम के पोत्र व घाटोटगच`के पुत्र बर्बरीक हैं, जिन्हें भगवान श्री कृष्ण ने कलयुग में श्याम नाम से पूजा जाने का आशीर्वाद दिया था।
Q2. मंदिर कहाँ स्थित है?
A. खाटू श्याम जी मंदिर राजस्थान के सीकर जिले के खाटू गांव में स्थित है, जो जयपुर से लगभग 80 किलोमीटर दूर है।
Q3. सबसे अच्छा समय कब है?
A. फाल्गुन मेला के समय, लेकिन भीड़ ज्यादा रहती है।
Q4. खाटू श्याम जी का प्रिय मंत्र क्या है?
A. श्री खाटू श्याम जी का सबसे प्रभावी और प्रसिद्ध मंत्र "ॐ श्री श्याम देवाय नमः" (Om Shri Shyam Devay Namah) है। यह मंत्र 108 बार जाप करने हेतु अत्यंत फलदायी माना जाता है।

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